फोटो-भालू के शव को जाले मे फॅसा कर लाते हुए।
प्रकाश कपरूवाण
जोशीमठ। वन विभाग की टीम ने देर रात्रि को भालू को मार गिराया। पोस्टमार्टम के उपरान्त शव को जलाकर नष्ट किया।
सीमान्त नगर जोशीमठ मंे भालुओ के आंतक से परेशान नगरवासियों ने एक भालू के मारे जाने के बाद थोडा राहत की सांस तो ली। लेकिन एक भालू के मारे जाने के बाद अब नगर क्षेत्र मे ही फैलेे कई भालुओ का आतंक समाप्त हो पाऐगा! कहना मुश्किल है। बीती रात्रि को सिंहधार वार्ड मे भालू की दस्तक के बाद वन विभाग को सूचना दी गई। वन विभाग की टीम वन क्षेत्राधिकारी चेतना कांडपाल के नेतृत्व मे मय ट्रैन्कलाइज दल के साथ मौके पर पंहुची। भालू मौके से भागकर झाडियों की ओट मे जा छिपा, जहॉ वन कर्मियों ने पंहुचकर उसे ट्रैन्कलाइज करने के लिए दो गोली दागी। लेकिन फिर वह झाडियो मे ही छिप गया। कुछ देर बाद वन कर्मियो को लगा कि भालू बेहोस हो गया है, उसे पकडने के लिए जाल डालते ही भालू ने आक्रमण कर दिया। रा़ित्र साढे बारह बजे की इस घटना के बाद वहॉ अफरा-तफरी मच गई। ट्रैन्कलाइजेशन के लिए दागे गई गोली के बाद भालू खूंकार होकर झपटने की कोशिस करने लगा, जिस पर वन कर्मियों ने उसे मार गिराया।
भालू को घटना स्थल से तडके उठाकर पोस्टमार्टम रूम मे पंहुचाया गया। जहॉ वन विभाग के ट्रैन्कलाइज टीम कि चिकित्सक के साथ ही स्थानीय पशुपालन विभाग के चिकित्सक की दो सदस्यीय दल ने मृतक का पोस्टमार्टम किया। इसके उपरान्त भालू के शव को जलाकर नष्ट किया गया।
नन्दा देवी राष्ट्रीय पार्क के डीएफओ नन्दा बल्लभ शर्मा के अनुसार मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक की संस्तुति के बाद भालू को मार गिराया गया है। और विभागीय नियमानुसार पोस्टमार्टम की कार्यवाही के उपरान्त भालू के शव को जलाकर नष्ट कर दिया गया।









