भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मनरेगा के तहत काम करने वाले मजदूरों को जिला चमोली में पिछले 7 माह से मानदेय भुगतान नहीं हुआ है। जनपद चमोली के 9 विकास खंडों में सैकड़ों मनरेगा कर्मचारी कार्यरत हैं, किंतु उनके सामने रोजी रोटी का संकट आ खड़ा हुआ है।
महंगाई के इस दौर में कर्मियों को 7 माह से मानदेय न मिलना चिंता का विषय है। 7 माह से मानदेय न मिलने पर आक्रोशित मनरेगा कर्मियों ने प्रशासन से शीघ्र मानदेय भुगतान की मांग की है। शनिवार को जिलाधिकारी चमोली एवं मुख्य विकास अधिकारी, जिला विकास अधिकारी को ज्ञापन देकर मनरेगा कर्मियों ने मानदेय भुगतान की मांग रखी। विकास खंडों से आये कर्मियों ने कहां की मुख्यमंत्री उत्तराखंड पुष्कर धामी ने घोषणा की थी कि हड़ताल के दिनों का 3 महीने का मानदेय मनरेगा कर्मियों को भुगतान किया जाएगा, किंतु घोषणा साकार नहीं हो पाई। मनरेगा कर्मियों का कहना था कि मानदेय भुगतान नहीं होने से कर्मियों के सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है।
ज्ञापन देने वालों में मनरेगा कर्मियों के कार्यकारी सुभाष डिमरी, सुरेंद्र सिंह नेगी, संजय, उदय मान, विक्रम सिंह रावत, प्रकाश राणा, गिरीश, दीपक, प्रकाश, तारिक मियां आदि लोगों ने मानदेय भुगतान की मांग की है।
लक्ष्मण सिंह नेगी की रिपोर्ट










