कमल बिष्ट।
कोटद्वार। जनपद पौड़ी गढ़वाल के अंतर्गत कोटद्वार के टीसीजी तथा डीएवी स्कूल में शिक्षा ग्रहण करने वाली उत्तराखंड की बेटी रोहनी अग्रवाल का भाभा अनुसंधान केन्द्र मुम्बई में वैज्ञानिक के तौर पर चयन हुआ है। रोहिणी ने कोटद्वार ही नहीं बल्कि देवभूमि उत्तराखंड का नाम रोशन किया है।
रोहणी अग्रवाल अब भाभा अनुसंधान केन्द्र मुम्बई में वैज्ञानिक बनकर कुछ नया करन चाहती हैं। रोहनी अग्रवाल ने कहा कि वह बतौर वैज्ञानिक कार्य करते हुए अपने देश को ग्लोबल मार्केट में एक बेहतर प्रतिनिधित्व देने का भरसक प्रयास करेंगी।
वैज्ञानिक रोहनी अग्रवाल के पिता डा विजय कुमार अग्रवाल राजकीय स्नात्तकोत्तर महाविद्यालय कोटद्वार भाबर में प्राचार्य के पद पर कार्यरत हैं। माता श्रीमती शशि अग्रवाल गृहणी हैं। रोहनी अग्रवाल ने प्राथमिक शिक्षा टीसीजी पब्लिक स्कूल कोटद्वार से की। इण्टरमीडिएट की परीक्षा 94.6 प्रतिशत अंकों से डीएवी कोटद्वार से उत्तीर्ण की। उन्होंने बीएससी ऑनर्स रसायन विज्ञान दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रसिद्ध कालेज मिरांडा हाउस से पास किया। मास्टर इन सांइस इन कैमिस्ट्री दिल्ली आईआईटी से पास किया।
युवा वैज्ञानिक रोहनी अग्रवाल युवाओं से अपील करती हैं कि नौजवानों को अपने जीवन में लक्ष्य प्राप्त करने के लिए कठिन परिश्रम करना चाहिए। कभी.कभी एक ही बार में लक्ष्य की प्राप्ति नहीं हो पाता, लक्ष्य पाने के लिए युवाओं को हार नहीं माननी चाहिए। उनके अनुसार लक्ष्य को हासिल करने के लिए समय का सदुपयोग करना बहुत जरूरी है। स्वाध्याय को उन्होंने नितांत आवश्यकता बताया। सोशल मीडिया को भी वक्त की जरूरत बताते हुए कहा कि सोशल मीडिया का भी उपयोग जरूरी है, परन्तु अपने शिक्षण का समय सोशल मीडिया पर बर्बाद करना ठीक नहीं है। रोहनी ने अपनी उपलब्धि के लिए अपने शिक्षकों तथा माता पिता को श्रेय दिया।










