• About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact
Uttarakhand Samachar
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
Uttarakhand Samachar
No Result
View All Result

देवाल: बरसात के 4 महिनों में गंदा पानी पीने के मजबूर रहते हैं ग्रामीण

16/06/21
in अवर्गीकृत
Reading Time: 1min read
172
SHARES
215
VIEWS
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter

थराली से हरेंद्र बिष्ट।

पिंडर एवं कैल नदीयो की संगम स्थलीय देवाल विकासखंड मुख्यालय की आम जनता को पिछले 4 सालों से बरसात के 4 महिनों में या तों गंदा पानी पीने के मजबूर होना पड़ रहा हैं। याकि स्वछ एवं साफ पीने के पानी के लिए दर-दर भटकने पर मजबूर होना पड़ रहा हैं। स्वछ एवं साफ पानी की मांग क्षेत्रीय जनता के द्वारा विभिन्न मंचों पर उठाएं जाने के बावजूद आज तक भी उनकी मांग धरातल पर उतरती नही दिख रही हैं।                 

दरअसल विकासखंड मुख्यालय देवाल की 5 हजार से अधिक की आबादी के एक बड़े हिस्से को स्वछ पीने के पानी की आपूर्ति के लिए वर्षों पूर्व हाटकल्याणी गांव के पास बहने वाले गमलीगाड़ गद्देरे के पानी से स्रोत से एक बड़ी पानी की योजना दशकों पहले बनाई गई थी। किंतु 2017-18 से इस योजना के मूल स्रोत पर बड़े स्तर पर हो रहे भारी भूस्खलन के कारण जहां एक ओर कई-कई दिनों तक पानी की आपूर्ति ठप रहना आम बात हो गई हैं।

वही जैसे-तैसे उत्तराखंड जल संस्थान के द्वारा पानी की आपूर्ति बहाल करने पर नागरिकों तक स्वछ पानी के बजाय बरसात के 4 महिनों तक गंदले पानी की आपूर्ति होती रहती हैं। आपूर्ति होने वाला  पानी इस कदर गंदा आता है कि पीना तो दूर की बात हैं। नागरिक इस पानी से कपड़े एवं हाथ मूंह तक नही धो पाते हैं।इस बार भी पिछले एक सप्ताह से अधिक समय से लगातार हो रही बारिश के कारण एक बार फिर से  देवाल के वासिंदों को स्वछ पानी के लिए भटकने पर मजबूर होना पड़ रहा है।

क्यूं कि फिर से पाईप लाईनों से गंदे पानी की सप्लाई शुरू हो गई हैं। पिछले 4 सालों से अधिक समय से एक बड़ी आबादी को गंदा पानी मिलने एवं स्रोत में हो रहें लगातार भूस्खलन के कारण देवाल मुख्यालय की जनता किसी दूसरे स्रोत से पानी की आपूर्ति करने की मांग करते आ रही हैं। इस संबंध में देवाल की पूर्व प्रमुख उर्मिला बिष्ट ने बताया कि ब्लाक मुख्यालय की जनता अंयत्र स्रोत अथवा कैल, पिंडर नदियों से पंपिंग योजना के जरिए पानी की शासन-प्रशासन से विगद 4 वर्षों से मांग करते आ रही हैं। किंतु सिवाय लोगों को आश्वासनों के धरातल पर कोई भी काम नही हो पाया हैं।

इस संबंध में देवाल के ब्लाक प्रमुख दर्शन दानू ने बताया कि सरकार के द्वारा ब्लाक मुख्यालय के लिए घेस मोटर सड़क पर लौसरी गांव के पास स्थित हनीगाड़ स्रोत से देवाल के लिए पानी की आपूर्ति एवं हाटकल्याणी के गमलीगाड़ स्रोत में हो रहे भूस्खलन को रोकने के लिए जल निगम कर्णप्रयाग के द्वारा  योजनाओं की  डीपीआर तैयार कर शासन को भेजने की कार्रवाई की जा रही हैं। उन्होंने आशा व्यक्त की कि जल्द ही डीपीआर को स्वीकृति मिल जाएगी और योजना पर काम शुरू हो जाएगा जिससे मुख्यालय की जनता को बड़ी राहत मिल सकेगी। इस संबंध में जल निगम कर्णप्रयाग के अधिशासी अभियंता मदन पुरी ने बताया कि निगम ने कुछ साल पहले हनीगाड से नई पेयजल योजना के निर्माण के अलावा गमलीगाड़ स्रोत की मरम्मत का आंगणन तैयार कर शासन को भेजा गया था।

जिस पर स्वीकृति नही मिल पाई। इसके बाद एक बार फिर से पिछले दिनों दूसरी डीपीआर तैयार कर अधीक्षण अभियंता को डीपीआर भेजी गई।जिस पर एससी स्तर पर कुछ आपत्तियां लगी हैं जिन्हें दूर कर पुनः भेजा जा रहा हैं।

इस संबंध में अधीक्षण अभियंता जल निगम गोपेश्वर महेंद्र सिंह ने बताया कि पहले एक प्रस्ताव नदी से पंपिंग के जरिए देवाल को पानी पहुंचाने का सरकार को दिया गया था। जो शासन स्तर पर रिजेक्ट कर दिया गया हैं। उसके बाद जल जीवन मिशन के तहत आंगणन तैयार किया जा रहा हैं। पेयजल की स्वछ आपूर्ति के संबंध में जल संस्थान कर्णप्रयाग के अधिशासी अभियंता मुकेश कुमार ने बताया कि गमलीगाड़ पेयजल स्रोत से गंदा पानी आने की सूचना के बाद संस्थान के द्वारा एक टैंकर पानी की आपूर्ति के लिए कर्णप्रयाग से देवाल के लिए रवाना कर दिया गया हैं। इसके अलावा 250 मीटर एल्काथीन पाइप भेजा गया हैं। ताकि नागरिकों को स्वछ पानी की आपूर्ति की जा सकें। कहां कि जरूरत पड़ने पर देवाल के लिए दूसरा टैंकर भी भेजा जा सकता हैं।

Share69SendTweet43
Previous Post

पूर्व राज्यमन्त्री रामसुन्दर नौटियाल ने आपदा पीड़ित कुमराड़ा गांव में राशन किट वितरित किये

Next Post

राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार डाॅ.धन सिंह रावत ने धार्मिक व पर्यटन सर्किट बनाने की कवायद शुरू

Related Posts

अवर्गीकृत

शशिधर भट्ट राजकीय स्पोर्ट्स स्टेडियम में फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन

November 7, 2025
43
अवर्गीकृत

श्री आदि बद्री मंदिर के कपाट मकर संक्रांति के पर्व पर खुले

January 14, 2025
68
अवर्गीकृत

नियमों का पालन न करने पर राजस्व विभाग व परिवहन विभाग के संयुक्त चैकिंग अभियान में 28 लोगों के किए गए चालान

July 13, 2024
281
अवर्गीकृत

उत्तराखण्ड राज्य आंदोलनकारी मंच द्वारा 10% क्षैतिज आरक्षण विधेयक की मांग

March 16, 2024
181
अवर्गीकृत

चौपाल  लगाकर महिलाओं को शत प्रतिशत मतदान के लिए किया प्रेरित

February 20, 2024
139
अवर्गीकृत

भुवनेश्वरी महिला आश्रम के पूर्व सचिव सिरिल आर रेफियल की दूसरी पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि

June 13, 2023
246

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Popular Stories

  • चार जिलों के जिलाधिकारी बदले गए

    67679 shares
    Share 27072 Tweet 16920
  • डोईवाला : पुलिस,पीएसी व आईआरबी के जवानों का आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण सम्पन्न

    45776 shares
    Share 18310 Tweet 11444
  • ऑपरेशन कामधेनु को सफल बनाये हेतु जनपद के अन्य विभागों से मांगा गया सहयोग

    38051 shares
    Share 15220 Tweet 9513
  •  ढहते घर, गिरती दीवारें, दिलों में खौफ… जोशीमठ ही नहीं

    37440 shares
    Share 14976 Tweet 9360
  • विकासखंड देवाल क्षेत्र की होनहार छात्रा ज्योति बिष्ट ने किया उत्तराखंड का नाम रोशन

    37330 shares
    Share 14932 Tweet 9333

Stay Connected

संपादक- शंकर सिंह भाटिया

पता- ग्राम एवं पोस्ट आफिस- नागल ज्वालापुर, डोईवाला, जनपद-देहरादून, पिन-248140

फ़ोन- 9837887384

ईमेल- shankar.bhatia25@gmail.com

 

Uttarakhand Samachar

उत्तराखंड समाचार डाॅट काम वेबसाइड 2015 से खासकर हिमालय क्षेत्र के समाचारों, सरोकारों को समर्पित एक समाचार पोर्टल है। इस पोर्टल के माध्यम से हम मध्य हिमालय क्षेत्र के गांवों, गाड़, गधेरों, शहरों, कस्बों और पर्यावरण की खबरों पर फोकस करते हैं। हमारी कोशिश है कि आपको इस वंचित क्षेत्र की छिपी हुई सूचनाएं पहुंचा सकें।
संपादक

Browse by Category

  • Bitcoin News
  • Education
  • अल्मोड़ा
  • अवर्गीकृत
  • उत्तरकाशी
  • उत्तराखंड
  • उधमसिंह नगर
  • ऋषिकेश
  • कालसी
  • केदारनाथ
  • कोटद्वार
  • क्राइम
  • खेल
  • चकराता
  • चमोली
  • चम्पावत
  • जॉब
  • जोशीमठ
  • जौनसार
  • टिहरी
  • डोईवाला
  • दुनिया
  • देहरादून
  • नैनीताल
  • पर्यटन
  • पिथौरागढ़
  • पौड़ी गढ़वाल
  • बद्रीनाथ
  • बागेश्वर
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • रुद्रप्रयाग
  • रुद्रप्रयाग
  • विकासनगर
  • वीडियो
  • संपादकीय
  • संस्कृति
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • साहिया
  • हरिद्वार
  • हेल्थ

Recent News

84 प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारियों ने किया एसडीआरएफ मुख्यालय का दौरा

April 26, 2026

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ का 133वां संस्करण सुना

April 26, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.