हरेंद्र बिष्ट की रिपोर्ट।
थराली। त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों 2025 संपन्न होने के बाद चमोली जिले के अंतर्गत 9 ब्लाकों में से क्षेत्र पंचायत थराली में पहली बैठक आयोजित हुई, इस बैठक में यातयात, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, बिजली, सिंचाई,भूस्खलन, कृषि , बैंकिंग,दैवी आपदा, जंगली जानवरों सहित तमाम अन्य मुद्दों पर गंभीर चर्चा की गई।इस मौके पर लोनिवि थराली के अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता के बैठक में नही आने पर सीडीओ ने स्पष्टीकरण तलब करने के साथ ही वेतन रोकने के आदेश जारी किए।
मंगलवार को थराली ब्लाक सभागार में थराली के प्रमुख प्रवीण पुरोहित की अध्यक्षता में त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों के बाद पहली त्रिमासिक बैठक में आयोजित हुई। बैठक शुरू होते ही खंड विकास अधिकारी नितिन धानिया ने बैठक का एजेंडा प्रस्तुत किया इसके बाद पीएमजीएसवाई पर चर्चा करते हुए भावना रावत ने ग्वालदम-जलचौर,ग्वालदम-पाटला में सड़क निर्माण का किए जाने,मंजू देवी ने कुराड़-लैटाल सड़क में पुल निर्माण किए जाने, हरीनगर-लैटाल सड़क का कार्य लोनिवि थराली से करवाने की मांग की इस मौके पर पीएमजीएसवाई कर्णप्रयाग के सहायक अभियंता धीरेन्द्र सिंह भंडारी ने बताया कि थराली ब्लाक में 13 सड़कें पीएमजीएसवाई के तहत निर्माण के लिए प्रस्तावित हैं।इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी डॉ.अभुषेक त्रिपाठी आधी-अधूरी जानकारी सदन में रखने पर अधिकारियों को आड़े लेते हुए पूरी जानकारी सदन में रखने के निर्देश दिए। इसके बाद एनपीसीसी पर चर्चा करते हुए सदस्य सुमन देवराड़ी, भानु प्रकाश आदि ने बूगां -कोलपुड़ी के साथ ही थराली -सूना-पैनगढ़, मनमोहन सिंह रावत ने थराली -किमनी, कुंवर सिंह रौथाण, ने तलवाड़ी -सेरा, राजेंद्र सिंह रावत ने कुलसारी-आलकोट मोटर सड़क का मुद्दा उठाते हुए आपदा के बाद क्षतिग्रस्त मोटर सड़कों को अभी तक दुरस्थ नही किया गया हैं।इस पर एनपीसीसी के प्रबंधक नरेंद्र तोमाकियाल ने बताया कि आपदा के तहत आंगणन तैयार कर भेजा गया हैं। पूर्व प्रमुख राकेश जोशी के प्रश्न पर उन्होंने बताया कि थराली ब्लाक में उनके पास कुल 4 सड़कों के रखरखाव क जिम्मा हैं।इस मौके पर लोनिवि थराली पर चर्चा करते हुए गेरूड-रतगांव एवं सुनला-काखड़ा प्रस्तावित सड़कों के साथ ही हेमलता गड़िया ने चिड़िगा-खंपाधार मोटर सड़क का डामरीकरण किए जाने, थराली -कुराड़ मोटर सड़क से मलुवा हटाने की मांग की गई। जेष्ठ प्रमुख नवनीत रावत, सदस्य यशोदा देवी, मनमोहन रावत, प्रमोद जोशी आदि ने आपदा प्रभावित चेपड़ो बैनोली,सेरा बिजेपुर,थराली,राड़ीबगड़,केदारबगड़ ,ग्वालदम, रतगांव के डाडरबगड़,चौंड़ा आदि में हुएं नुकसान के बाद सुरक्षात्मक उपायों का मुद्दा उठाया जिस पर सिंचाई खंड थराली के अधिशासी अभियंता प्रशांत श्रीवास्तव ने सदन को जरूरी जानकारी दी।इस बैठक में जल जीवन मिशन के तहत जल निगम, जल संस्थान, जलागम, विद्युत, सहकारिता, पशुपालन शिक्षा,उद्यान,ग्राम्य विकास, पंचायतीराज,पूर्ति विभाग उरेड़ा,वन राजस्व आदि विभागों पर चर्चा की गई।इसके इस मौके पर डीपीआरओ रमेश चंद्र त्रिपाठी, थराली के उपजिलाधिकारी पंकज भट्ट,कृषि अधिकारी अश्वनी गौतम, ऊर्जा निगम के एसडीओ अतुल कुमार, रेंजर मनोज देवराड़ी अलकनंदा के सुरेंद्र बिष्ट,जल निगम के हेमंत कुमार सहित तमाम विभागों के अधिकारी ने सदस्यों के प्रश्नों के उत्तर दिए, थराली प्रमुख की मांग पर सीडीओ ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली जिसे आपदा के दौरान अस्थाई रूप से जिला पंचायत के भवन से संचालित हो रहा है उसे मूल भवन में मंगलवार को ही स्थानांतरित कर संचालन शुरू करने के सीएचसी के एमओआईसी को निर्देश दिए। थराली की बीडीसी बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ.अभिषेक त्रिपाठी के द्वारा तमाम विभागीय अधिकारियों को फोन पर सदस्यों के द्वारा उठाएं जाने वाले प्रश्नों पर स्पष्टीकरण प्राप्त कर सदस्यों को वास्तविकता से अवगत करवाया गया।











