फोटो-भविष्य बदरी मंदिर जीर्णोद्धार से पूर्व पूजा/अर्चना करते धर्माधिकारी आचार्य भुवन चंद्र उनियाल साथ मे बीकेटीसी के अध्यक्ष श्री थपलियाल, सीईओ बीडी सिंह व अन्य ।
प्रकाश कपरूवाण
जोशीमठ। भविष्य बदरी मंदिर के जीर्णोद्धार की एतिहासिक पहल। पूजा/अर्चना के साथ निर्माण की प्रक्रिया शुरू।
प्ंाच बदरी मे एक भविष्य बदरी के पौराणिक मंदिर के जीर्णोद्धार की प्रक्रिया का बृहस्पतिवार को तय मुहुर्त पर विधिवत शुरू किया गया।
आद्य जगदगुरू शंकराचार्य द्वारा स्थापित भविष्य बदरी मंदिर भी श्री बदरी-केदार मंदिर समिति के अधीनस्थ मंदिरों मे एक है। इस पौराणिक मंदिर को भब्य रूप देने के लिए बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल निरंतर प्रयासरत थे। इस बीच यूएसए के एक दानी पंकज कुमार द्वारा भविष्य बदरी मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए एक करोड 25लाख की धनराशि मंदिर समिति को दान स्वरूप प्रदान की। दान राशि प्राप्त होने के बाद से इस मंदिर के जीर्णोद्धार की दिशा मे प्रयास शुरू हो गए थे। कई दौर की बैठको के बाद बृहस्पतिवार को जीर्णोद्धार कार्य के प्रारंभ करने का मुहुर्त तय हुआ और मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल, मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह, व मंदिर अभिंयता विपिन तिवारी व भाजपा मंडल अध्यक्ष किशोर पंवार की मौजूदगी मे बदरीनाथ के धर्माधिकारी ने पूजा/अर्चना कर निर्माण कार्याे का शुभारंभ कराया ।
बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल के अनुसार भगवान भविष्य बदरी मंदिर के जीर्णोद्धार से पूर्व बदरीनाथ मंदिर परिसर, परक्रिमा परिसर व गृभ गृह मे स्थान कम होने की समस्या को देखते हुए भविष्य बदरी मंदिर के वर्तमान गृभ गृह सवा सात फीट से बढाकर सवा ग्यारह फीट बनाया जाऐगा। भविष्य बदरी मे बदरी-केदार मंदिर समिति की सात नाली दो मुठठी भूमि है, जो पर्याप्त नही है। इसके लिए भविष्य बदरी मंदिर के चारो ओर की निजी भूमि की मंाग की गई, और ग्रामीणों ने स्वेच्छा से मंदिर समिति को भूमि दान दिए जाने की घोषणा की है।
श्री थपलियाल ने बताया भविष्य बदरी मंदिर के पीछे की ओर ग्राम पंचायत के दो पंचायत घर मौजूद है इसके लिए ग्रामीणो से किसी अन्य स्थान पर भूमि की ब्यवस्था करने का आग्रह किया गया है उक्त भूमि पर मंदिर समिति ही दो पंचायत घर निर्माण कर ग्राम पंचायत के सुपुर्द करेगी।
बीकेटीसी के अध्यक्ष ने बताया कि बदरीनाथ मंदिर मे यात्रा काल के दौरान दर्शनो मे आ रही दिक्कतो को देखते हुए ही भविष्य बदरी मंदिर परिसर का विस्तार किया जाऐगा ताकि आने वाले वर्षो-वर्षो तक यहाॅ पंहुचने वाले तीर्थयात्रियों को दर्शनो की असुविधा न हो । श्री थपलियाल के अनुसार भविष्य बदरी मंदिर पत्थरो से ही बनेगा और मंदिर की ऊॅचाई करीब 39फीट होगी।
बीकेटीसी के अध्यक्ष श्री थपलियाल के अनुसार मुख्य मंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत भविष्य बदरी के विकास के प्रति गंभीर है। पूर्व मे भी तपोवन-भविष्य बदरी मोटर मार्ग निर्माण मे उन्होने ब्यक्तिगत रूचि लेते हुए पीएमजीएसवाई के मानको से अधिक चैडी सडक निर्माण कराने का प्रस्ताव रखते हुए अतिरिक्त चैडाई का भुगतान राज्य सरकार द्वारा वहन किए जाने का आश्वासन दिया था। श्री थपलियाल ने बताया कि उनका भविष्य बदरी पंहुचने का कार्यक्रम गत वर्ष मौसम के कारण रदद हो गया था। और वे शीध्र ही भविष्य बदरी पंहुचेगे। उन्होने भविष्य बदरी जीर्णोद्धार व परिक्रमा परिसर हेतु भूमि दान स्वरूप दिए जाने के लिए दानी ग्रामीणो का मंदिर समिति की ओर से आभार जताया है।
इस अवसर पर बीकेटीसी के अध्यक्ष थी थपलियाल व सीईओ बीडी सिंह के अलावा मंदिर अभियंता विपिन तिवारी, धर्माधिकारी आचार्य भुवन चंद्र उनियाल, भाजपा मंडल अध्यक्ष किशोर पंवार, मीडिया प्रभारी भूपाल सिंह रावत, सुभाॅई भविष्य बदरी के कलम ंिसह रावत, पूर्व क्षेपं सदस्य महेन्द्र सिह रावत, सौरभ सिंह, कुलदीप खंण्डेलवाल, जयदीप रावत, कुॅवर सिह रावत व रघुबीर रावत के अलावा बडी संख्या मे ग्रामीण मौजूद थे।










