थराली से हरेंद्र बिष्ट।
श्रीनंदा देवी लोकजात यात्रा के दौरान आयोजित होने वाला राजराजेश्वर सांस्कृति संरक्षण एवं विकास मेला 9 एवं 10 सितंबर को ल्वाड़ी गांव के पिलखड़ा मंदिर में आयोजित होगा। जिसके लिए आयोजन समिति ने तैयारियां शुरू कर दी हैं।
पिछले 15 वर्षों से देवाल विकासखंड के अंतर्गत ल्वाणी गांव के अंतर्गत राजराजेश्वर मंदिर परिसर पिलखड़ा में आयोजित होने वाला मेला राजराजेश्वर सांस्कृति संरक्षण एवं विकास समिति के बैनर तले आयोजित होने वाला मेला इस वर्ष 9 एवं 10 सितंबर को आयोजित होगा। इसके तहत समिति के एक अध्यक्ष महावीर बिष्ट की अध्यक्षता में आयोजन समिति की एक बैठक आयोजित हुई, जिसमें बताया गया कि 9 सितंबर को प्रातः राजराजेश्वर मंदिर परिसर में पूजा.अर्चना एवं हवन का आयोजन किया जाएगा।
इसके बाद दोपहर 12 बजे बाद प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाएगा। रात्रि 10 बजे मुख्य अतिथि के द्वारा मेले की सांस्कृतिक संध्या का उद्घाटन करने के बाद 10.30 बजे स्थानीय महिला एवं युवक मंगल दलों के द्वारा देवी नंदा को समर्पित झोड़ा, चांचरी व झूमेला की प्रस्तुति दी जाएगी। उसके बाद बधाणी कला मंच सूना.थराली, लोक जन जागृति कला मंच कर्णप्रयाग के साथ ही लोक गायक दर्शन फर्स्वाण, सौरभ मैठाणी, शकुंतला रमोला, गिरीश सनवाल आदि के द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे।10 सितंबर को तमाम सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ ही यहां पर कुरूड घाट से लोकजात यात्रा पर निकली।
श्रीनंदा भगवती की यात्रा का स्वागत.सत्कार के साथ ही विधि.विधान के साथ पूजा.अर्चना करने एवं पुरस्कारों के वितरण के साथ ही मेले का समापन किया जाएगा। बैठक में मेले का व्यस्थित संचालन के लिए ल्वाणी सहित आसपास के ग्रामीणों को जिम्मेदार सौंपते हुए सहयोग की अपेक्षा जताई गई। इसके साथ ही मेले के दौरान कोविड 19 के नियमों का पालन करने के लिए भी हरसंभव प्रयास करने की बात कही गई। बैठक में आयोजन समिति के सचिव हीरा राम, कोषाध्यक्ष भूपाल सिंह, संरक्षक बिमला देवी, दर्शन बिष्ट, दीपक बिष्ट, लक्ष्मण सिंह, नरेंद्र बिष्ट, मान सिंह बिष्ट, सुरेंद्र सिंह, कमला देवी आदि ने विचार व्यक्त किए।











