कमल बिष्ट/उत्तराखंड समाचार।
कोटद्वार। लुप्त हो रही हिमालयी सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण संवर्धन एवं विकास हेतु लोक संस्कृति की धरोहर मुनाल सांस्कृतिक मंच लखनऊ द्वारा संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार के सौजन्य से दो दिवसीय चौंदकोट महोत्सव का शुभारंभ प्रथम दिवस 22 को देवभूमि कोटद्वार गढ़वाल के स्थानीय मालवीय उद्यान में मुनालश्री विक्रम बिष्ट के संयोजन व निर्देशन में किया गया।
इस अवसर पर लोक संस्कृति के संरक्षण में प्रयासरत विभिन्न विद्वानों को मुख्य अतिथि पूर्व काबिना मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी व नगर निगम महापौर श्रीमती हेमलता नेगी ने अंग वस्त्र, प्रतीकचिन्ह एवं प्रमाण पत्र आदि देकर शिक्षाविद जगमोहन सिंह रावत प्रधानाचार्य आदर्श राजकीय इंटर कॉलेज कोटद्वार, महेंद्र सिंह नेगी पुत्र चंद्र सिंह राही, सुश्री रेनू नेगी प्रधानाचार्य आर्य कन्या इंटर कॉलेज, गिरीश चंद नैथानी पृथ्वी स्कूल कोटद्वार, विजय सिंह थाना प्रभारी कोटद्वार, समाज सेवी भाग सिंह रावत को सम्मानित किया गया। सभी अतिथियों का स्वागत फूलमाला के स्थान पर पौधों द्वारा प्रकृति के पर्यावरण प्रदूषण रोकने हेतु कार्यक्रम संयोजक मुनालश्री विक्रम बिष्ट द्वारा पौधे अर्पित किये गये।
कार्यक्रम का संचालन उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी सम्मानित वरिष्ठ कलाकार उद्घोषक मुनालश्री विक्रम बिष्ट व प्रसिद्ध लोक सांस्कृतिक कलाकार संजय रावत ने किया। गढ़वाल की संस्कृति से जुड़े लोक गायन व नृत्य के आयोजन में प्रतिभागियों द्वारा गढ़वाली लोकगीत प्रस्तुत किए गये। जिसमें आदि ने प्रतियोगिता में भाग लेकर माहौल गढ़वाल मय कर दिया इसके साथ ही राजकीय इंटर कॉलेज कोटद्वार व आर.सी.डी. पब्लिक स्कूल शिवराजपुर के म्यूजिक बैंड ने लोक सांस्कृतिक कलाकार संगीतकार संजय रावत तथा सुनीता शाह के संयोजन में ता चुम्मा ता चुम्मा समूह व बेडू पाको बारहमासा आदि प्रस्तुत किया, मानसी बिष्ट के नृत्य निर्देशन में गढ़वाल के पारंपरिक लोक नृत्य चौफुला, घसियारी, पथरोल, बादी बदिन, चाचरी, बाजूबंद, झुमेलो, जीजा साली आदि नृत्य को प्रस्तुत किया गया। गायन में सुप्रसिद्ध लोक गायिका यश भारती, ऋचा जोशी ने अपनी मधुर आवाज में कार्यक्रम को सफल बनाने में भरसक प्रयास किया। नृत्य कलाकार एकता श्रीवास्तव, लवली घड़ियाल, मानसी बिष्ट, नीतिका सिंह, मीतू सिंह अंशिका शर्मा आदि रहे। प्रतियोगिता के मुख्य निर्णायक प्रकाश गढ़वाली, आशा गंगनानी आदि रहे।
इस अवसर पर सुनील भंडारी, जब्बार, कुलदीप रावत, मोहम्मद काशिफ, विनोद मधवाल, कमल रावत आदि उपस्थित रहे अंत में सांस्कृतिक प्रभारी कल्पना नेगी ने सभी का आभार व्यक्त किया।
आज 23 दिसंबर को विभिन्न क्षेत्र के आयु वर्ग के प्रतिभागियों के लिए प्रतियोगिता व उत्तराखंड संस्कृति मंत्रालय से मंसर कला केंद्र कोटद्वार के कलाकारों की प्रस्तुति दी जायेगी।











