
हरेंद्र बिष्ट की रिपोर्ट।
थराली।जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) गौचर में नवनियुक्त एलटी ग्रेड शिक्षकों के लिए आयोजित पांच दिवसीय प्रेरण अभिमुखीकरण प्रशिक्षण शिविर समापन हो गया। इस अवसर पर प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले शिक्षकों को प्रमाण पत्रों का वितरित किया गया।
पांच दिवसीय शिविर का समापन करते हुए मुख्य शिक्षा अधिकारी चमोली आकाश सारस्वत ने समस्त शिक्षकों को बेहतर कार्य करने और गुणवत्तापरक शिक्षा प्रदान करने का आहवान किया , उन्होंने दक्षता आधारित और सीखने के प्रतिफलों पर बल देने की बात भी कही,
प्रशिक्षण के दौरान नवनियुक्त शिक्षकों को विद्यालयी शिक्षा की संरचना, राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020, राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा -2023, राज्य पाठ्यचर्या की रूपरेखा, शिक्षण-पद्धतियों, आंकलन तथा विद्यालय प्रबंधन से संबंधित विभिन्न विषयों की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में समय एवं कक्षा प्रबंधन, उत्तराखंड कर्मचारी आचरण नियमावली, विद्यालयी छात्रवृत्तियों अभिलेखों के रखरखाव, आकलन, प्रश्नपत्र निर्माण, बाल-केंद्रित,अनुभवात्मक शिक्षण, विद्यालय संस्कृति, अनुशासन तथा नवीन पाठ्यपुस्तकों के अभिमुखीकरण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर सत्र आयोजित किए गए।
इसके अतिरिक्त समावेशी शिक्षा एवं जेंडर संवेदीकरण, विद्यालय सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन, अभिभावक एवं सामुदायिक सहभागिता, गुणवत्ता शिक्षा के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म, शैक्षिक हस्तक्षेप, नशामुक्ति तनाव प्रबंधन जैसे विषयों पर भी प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
समापन समारोह में डायट के वरिष्ठ संकाय सदस्य राजेंद्र प्रसाद मैखुरी, अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज सिमली के प्रधानाचार्य देवदत्त शर्मा, वीरेंद्र सिंह कठैत, डॉ. कमलेश कुमार मिश्र, प्रमुख प्रशिक्षक प्रकाश चंद्र गैड़ी, वीरेंद्र मोहन तिवारी, सुमन भट्ट, गोपाल प्रसाद कपरूवान, रविंद्र सिंह बर्त्वाल, मृणाल जोशी आदि ने विचार व्यक्त किए।














