हरेंद्र बिष्ट की रिपोर्ट।
थराली। नगर पंचायत थराली के अंतर्गत वार्ड नंबर 4 के ऊंग तोक को आने-जाने वाले रास्ते में खतरनाक बने चीड़ के पेड़ों को काटने की नागरिकों ने वन विभाग से मांग की हैं।
ऊंग तोक के मदन सिंह,जय सिंह, विनोद सिंह, जगमोहन सिंह, अब्बल सिंह, सुनीता देवी गंगा देवी आदि ने बताया कि पिछले वर्ष 22 अगस्त को अतिवृष्टि के कारण ऊंग तोक से थराली बाजार को आने-जाने वाले रास्ते में बड़ी मात्रा में भूस्खलन हुआ था।जिस कारण कई चीड़ के पेड़ लटक गये थें,जोकि आने-जाने वाले राहगीरों के लिए खतरनाक बनें हुए हैं। बताया कि ऊंग तोक में करीब 25 परिवार निवासरत हैं, यहां से थराली बाजार आने-जाने वाले बच्चों, युवाओं, वृद्धों, महिलाओं का यही एक मात्र रास्ता है, लटके हुए चीड़ के पेड़ों के कारण हर समय राहगीरों के लिए खतरा बने हुए हैं। बरसात एवं तेज हवाओं के चलने पर इस रास्ते से राहगीर आने-जाने से कतराते हैं,यही नही अधिक बारिश एवं हवा चलने पर स्कूली छात्र, छात्राएं स्कूल , कालेज तक नही जा पाते हैं,बताया कि नागरिकों की मांग पर बद्रीनाथ वनप्रभाग गोपेश्वर के अंतर्गत मध्य पिंडर रेंज थराली ने खतरनाक बने चीड़ के पेड़ों की गिनती की जिसमें 14 चीड़ के पेड़ों का चिन्हीकरण किया गया था।किन्तु आज तक इन पेड़ों को काटा नही गया हैं। जिससे नागरिकों को खतरा बना हुआ हैं, नागरिकों ने वन विभाग से जनता की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए तत्काल खतरनाक चीड़ के पेड़ों को काटने की मांग की हैं, पेड़ों के नही काटे जाने पर आंदोलन की भी चेतावनी दी हैं।











