
डोईवाला, (प्रियांशु सक्सेना)। शुगर कम्पनी लि० डोईवाला के नए पेराई सत्र 2025–26 का शुभारम्भ शुक्रवार को विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया गया। जिसमें बतौर मुख्य अतिथि पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं ऋषिकेश विधायक प्रेमचन्द अग्रवाल उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्थानीय विधायक बृजभूषण गैरोला ने की।
उद्घाटन समारोह के दौरान मिल में प्रथम ट्रैक्टर बुग्गी लाने वाले किसान शैलेन्द्र सिंह (निवासी माजरी) तथा प्रथम गन्ना ट्राली लाने वाली कृषक रणबीर कौर (निवासी गाजरी) को सम्मानस्वरूप पारितोषिक एवं कम्बल भेंट किया गया।
अधिशासी निदेशक दिनेश प्रताप सिंह ने किसानों से अधिक चीनी परता वाली उन्नतशील एवं शीघ्र पकने वाली गन्ना प्रजातियों की खेती को बढ़ावा देने तथा मिल में साफ-सुथरा, जड़-पत्ती रहित ताजा गन्ना आपूर्ति करने की अपील की। उन्होंने बताया कि 2500 टीसीडी क्षमता के अनुरूप इस पेराई सत्र में लगभग 30 लाख कुन्तल गन्ने की आवश्यकता होगी तथा 10 प्रतिशत से अधिक चीनी परता प्राप्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
बताया गया कि चीनी मिल के सम्पूर्ण सुरक्षित क्षेत्र में शीघ्र प्रजाति के गन्ने का क्षेत्रफल विगत तीन वर्षों में लगभग 97 प्रतिशत से अधिक हो गया है। शीघ्र पकने वाली उन्नतशील गन्ना प्रजातियों को० पन्त 12221, को० 0118, को०जा० 85, को०एल०के० 14201, को० 15023, को०शा० 13235, को०शा० 8272, को० 98014, को०एल०के० 15201, को०शा० 18231 तथा सामान्य प्रजातियों को० पन्त 5224, को० 13035, को० पन्त 12226, को० पन्त 13224, को०एच० 5011, को० 17018, को० 16030 की बुवाई को और अधिक बढ़ाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
चीनी मिल क्षेत्र में बीज बदलाव कार्यक्रम के अन्तर्गत शीघ्र पकने वाली प्रजातियों का गन्ना क्षेत्रफल, जो विगत वर्ष देहरादून जनपद में काफी कम था, वर्ष 2025–26 में बढ़कर 98 प्रतिशत हो गया है। प्रति हैक्टेयर गन्ना उत्पादन बढ़ाने के उद्देश्य से किसानों को खेतों की गहरी जुताई हेतु एम०वी० प्लाऊ एवं ट्रेंच विधि से बुवाई के लिए ट्रेंच ओपनर निःशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं। कीटों की रोकथाम के लिए दो पांचर स्प्रेयर एवं बीज शोधन यंत्र भी निःशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
चीनी मिल में मृदा परीक्षण लैब स्थापित की गई है, जिसमें गन्ना बीज की उन्नतशील प्रजातियों हेतु मुख्य व सूक्ष्म पोषक तत्वों की उपलब्धता की जानकारी कृषकों को विभागीय प्रारूप पर प्रदान की जाती है। संतुलित उर्वरक प्रयोग से गन्ने में चीनी प्रतिशत बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
डोईवाला चीनी मिल को डोईवाला गन्ना समिति के 05 क्रय केन्द्र, देहरादून गन्ना समिति के 21, रुड़की गन्ना समिति के 22, ज्वालापुर समिति के 06, लक्सर समिति का 01, पांवटा के 02 क्रय केन्द्रों सहित गेट एरिया से मांग के अनुसार गन्ना प्राप्त होगा। वर्तमान पेराई सत्र 2025–26 में लगभग 30 लाख कुन्तल गन्ना पेराई कर 10 प्रतिशत से अधिक चीनी परता प्राप्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
कार्यक्रम में दिनेश चौहान, अलका सिंह, सन्तोष चौहान, गुरदीप सिंह, बलवीर सिंह, हरीश कोठारी, ईश्वर चन्द अग्रवाल, मनोज नौटियाल, राजन गोयल, सम्पूर्ण सिंह रावत, नरेन्द्र सिंह नेगी, विक्रम नेगी, लच्छीराम लोधी, पंकज शर्मा, मनोज काम्बोज, अनिरूद्ध सिंह चन्द्रा, भगवान सिंह पोखरियाल, कुलश्रेष्ठ फुलेरिया, लेखराम तेंवर, डॉ० संजय सिंह, आशुतोष अग्निहोत्री (उप मुख्य रसायनज्ञ), शिवानी वर्मा, अमरजीत सिंह, नरेन्द्र कुमार, दीपक विश्वकर्मा, राकेश कोठारी, विनोद गोयल, अशोक शर्मा, विजय शर्मा, गोपाल शर्मा, अरविन्द कुमार शर्मा, महेन्द्र सिंह, गौतम सिंह, दीवान सिंह गैड़ा, सुषमा आर्य, नीना संधू, शशी मसीह, परमजीत कौर आदि उपस्थित रहे।











