हरेंद्र बिष्ट की रिपोर्ट।
थराली/नंदानगर।
श्री नंदा देवी की लोकजात यात्रा 2026 हिमपर्वत श्रंखलाओं की तलहटी में बसे पंचगंगा मे स्थित होमकुंड में बड़ीजात (श्री नंदा देवी -भगवती की विशेष बड़ी पूजा) को सम्पन्न करने के बाद वापसी के दूसरे पड़ाव नंदानगर (घाट) के अंतर्गत सुतोल, गांव में रात्रि प्रवास के लिए पहुंच गई हैं। यहां पर पूरी रात देवी जागरण किया जाएगा। इधर बधाण की राजराजेश्वरी नंदा देवी की डोली।देवाल के बेराधार चौथे पड़ाव में पहुंच गई हैं।
होमकुंड में बड़ीजात यात्रा का पूजन करने यात्रा के साथ चल रहे खाडुओं को कैलाश विदाई के बाद यात्रा रविवार को यात्रा के 17 वें एवं चौथे निर्जन पड़ाव जामुन डाली पहुंच गई थी। सोमवार को जामुन डाली में पूजा-अर्चना के बाद यात्रा नंद देवी के जयकारों के साथ दशोली, बण्ड़,ज्वाल्पा की नंदा देवी की डोलियों एवं छतौलियों के साथ 18 वें आबादी वाले पड़ाव सुतोल गांव के लिए रवाना हुई इस दौरान यात्रा घने जंगलों को पार कर तातड़ पहुंची यहां पर ध्योंसिंह देवता की पूजा अर्चना कर कुछ देर के लिए यात्रा ने विश्राम किया इसके बाद यात्रा आगे बढ़ी गई।होमकुंड में पूजा-अर्चना के बाद काफी संख्या में यात्री अपने घरों को भी लौटने लगे हैं। इसके तहत कई यात्री नंदानगर व इससे आगे पहुंचने के प्रयासों में जुटे हुए हैं,सुतोल गांव में यात्रा एवं यात्रियों का स्वागत किया गया।मंगलवार को 19 वें पड़ाव के तहत बड़ीजात यात्रा तमाम गांवों में भ्रमण करते हुए फरखेत गांव पहुंचेगी यहां पर देव डोलियां एवं यात्री प्रवास करेंगे । करीब 250 किलोमीटर की पैदल दूरी तय करने के बाद भी यात्रा में चल रहें यात्रियों के चेहरों पर खासी चमक एवं उत्साह देखने को मिल रहा हैं। इधर
बधाण की श्री नंदादेवी राजराजेश्वरी की उत्सव डोली नंदा सिद्धपीठ देवराड़ा-थराली वापसी के तहत अपने तीसरे पड़ाव उलंग्रा गांव से विदा हो कर हाट कल्याणी , इच्छोली,अठ्ठू गांव होते हुए चौथे पड़ाव बेराधार गांव पहुंच गई हैं। इस दौरान गांवों में देव डोली का भव्य स्वागत किया गया। मंगलवार को यात्रा सिरमथल,होते हुए थराली ब्लाक के टुंड्री गांव होते हुए थराली ब्लाक के गोठिंड़ा गांव पहुंचेगी।











