• About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact
Uttarakhand Samachar
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
Uttarakhand Samachar
No Result
View All Result

हेलंग-मारवाड़ी वाईपासः सीमांतवासियों की निगाहें सांसद की पैरवी पर टिकी

25/08/19
in उत्तराखंड, चमोली
Reading Time: 1min read
278
SHARES
347
VIEWS
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter

फोटो- बीआरओ द्वारा मारवाडी साइट से लगाया गया हेलंग-मारवाडी वाईपास का बोर्ड।
प्रकाश कपरूवाण
जोशीमठ। आॅल वैदर रोड जोशीमठ को छूते हुए निर्मित हो अब सीमांतवासियों की निगाहें गढवाल संासद तीरथ सिंह रावत की पैरवी पर जा टिकी है। जोशीमठ को अलग-थलग कर हेलंग से वाईपास निर्माण की प्रक्रिया मे तेजी लाने की खबर के बाद सीमंात धार्मिक एवं पर्यटन नगरी मे माहौल गरमा गया है।
आद्य जगदगुरू शंकराचार्य की तपस्थली ज्योर्तिमठ जहाॅ से भगवान शंकराचार्य ने सनातन धर्म की रक्षा के लिए देश के चारो दिशाओ मे चार पीठो की स्थापना की थी। और उत्तर भारत की पीठ ज्यार्तिमठ जिसे अब जोशीमठ नाम से जाना जाता है। इस धार्मिक व एतिहासिक नगरी को बदरीनाथ यात्रा मार्ग से दूर करने का हाॅलाकि पहले भी कुत्सित प्रयास किया गया। लेकिन सफलता नही मिल सकी। अब एक बार फिर हेलंग-मारवाडी वाईपास की सुगबुगाहट तेज होने की भनक लगते ही सीमांत धार्मिक एंव पर्यटन नगरी मे आक्रोष देखा जा रहा है। नगर वासियों की भावनाओ को समझते हुए नगर पालिकाध्यक्ष शैलेन्द्र पंवार ने भी तत्काल आपात बैठक बुलाकर लोगो से राय सुमारी की और मुख्य मंत्री व सडक परिवहन मंत्री को ज्ञापन भेजकर लोगो की भावनाओ से अवगत कराया।
दरसअल बीआरओ द्वारा वर्ष 1988-89 मे ही जोशीमठ को कट कर हेलंग से एक वाईपास का निर्माण शुरू कर लिया गया था। वर्ष 1991आते-आते जब बीआरओ पर आंदोलन का भी असर नही हुआ तो क्षेत्र के कुछ जागरूक नागरिको ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय का रूख किया और सभी तथ्यों को न्यायालय के समक्ष पेश करते हुए स्थगन ओदश प्राप्त करने मे सफलता हासिल की। तब से इस वाईपास का निर्माण पूरी तरह से बंद हो गया था। भविष्य मे कभी भी वाईपास का निर्माण न हो इसके लिए जोशीमठ नगर वासियों द्वारा इस वाईपास क्षेत्र मे एक बार सघन वृक्षारोपण भी किया गया था। लेकिन चारधाम आॅल वैदर रोड की स्वीकृति के बाद हेलंग वाईपास की एक बार फिर सुगबुगाहट तेज हुई। और अब इस वाईपास के निर्माण की जिम्मेदारी आॅल वैदर रोड का निर्माण कर रही एनएच से हटाकर रक्षा मंत्रालय के अधीन बीआरओ के सुपुर्द कर दिया गया है।
ज्योर्तिमठ-जोशीमठ जो बदरीनाथ यात्रा मार्ग का अनादिकाल से ही मुख्य पडाव रहा है, बदरीनाथ की पैदल यात्रा के दौरान भी पैदल यात्री हेलंग से ज्योर्तिमठ-नृंिसंह मंदिर मठागंण होते हुए ही बदरीनाथ की यात्रा करते थे और सडक निर्माण हो जाने के बाद भी यह पंरपरा वर्तमान मे भी जारी है। शास्त्रो के अनुसार भी बदरीनाथ की यात्रा से पूर्व आद्य जगदगुरू शंकराचार्य द्वारा स्थापित भगवान नृंिसहं के दर्शनो की मान्य सनातन पंरपरा है जिसका निर्वाह निंरतर किया जा रहा है। लेकिन यदि जोशीमठ से दस किमी पहले हेलंग नामक स्थान से वाईपास का निर्माण होता है तो करोडो सनातन धर्मावलंबियो की धार्मिक भावनाओ पर कुठाराघात तो होगा ही साथ ही बदरीनाथ व हेमकुंड साहिब यात्रा पर निर्भर सैकडो ब्यवसायियों को रोजगार से मोहताज होना पडेगा और भारत-तिब्बत सीमा के एक बसे-बसाए नगर को भी पलायन के लिए विवश होना पडेगा।
वाईपास निर्माण को लेकर सीमांतवासियों के आक्रोष को देखते हुए बदरीनाथ के विधायक महेन्द्र भटट व बदरी-केदार मंदिर समिमि के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल ने जनपद भ्रमण पर आए गढवाल सांसद तीरथ सिंह रावत को विस्तार से जानकारी देते हुए हर हाल मे आॅल वैदर रोड से जोशीमठ को पूर्ववत जोडे रखने का आग्रह किया है। सांसद गढवाल ने भी केन्द्रीय संडक परिवहन मंत्री से भेंट कर सीमांत नगर वासियांे की भावनाओ से अवगत कराते हुए जोशीमठ से आॅल वैदर रोड निर्माण की पैरवी करने का आश्वासन दिया है। हालांकि निर्वतमान सांसद व केंन्द्रीय संडक परिवहन व राजमार्ग मंत्री रहे मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूरी के समक्ष भी हेलंग वाईपास का मामला कई मर्तबा पंहुचा लेकिन वे भी इस गंभीर मसले को नही सुलझा सके थे।
अब देखना होगा कि नए गढवाल सांसद तीरथ सिंह रावत सीमांत धार्मिक एवं पर्यटन नगरी जोशीमठ के अस्तित्व को बचाने मे किस तरह पैरवी कर पाते है, इस पर सीमांत वासियों की नजरे टिकी रहेगी।

Share111SendTweet70
Previous Post

किमोली गांव में आयोजित हुआ निःशुल्क चिकित्सा शिविर

Next Post

राम गंगा उद्गम क्षेत्र के ग्यारह गांवों में रोपी नेपियर घास

Related Posts

उत्तराखंड

देहरादून की 30 होनहार बेटियों को मिला नई उड़ान का अवसर

June 7, 2026
10
उत्तराखंड

वीकेंड पर पर्यटकों की पहली पसंद बना लच्छीवाला नेचर पार्क, एक दिन में पहुंचे 07 हजार से अधिक सैलानी

June 7, 2026
57
उत्तराखंड

प्रसव पीड़ित महिला को मीलों चलकर एरेठा से डोली में देवाल पहुंचे ग्रामीण

June 7, 2026
6
उत्तराखंड

यूकेडी नेताओं ने किया पिंडर घाटी का दौरा, कार्यकर्ताओं में भरा जोश

June 7, 2026
2
उत्तराखंड

देवभूमि उत्कर्ष सेवा समिति के तत्वावधान में विचार गोष्ठी का आयोजन

June 7, 2026
31
उत्तराखंड

9 जून से शुरू हो रही है ग्वालदम की प्रसिद्ध रामलीला

June 7, 2026
3

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Popular Stories

  • चार जिलों के जिलाधिकारी बदले गए

    67694 shares
    Share 27078 Tweet 16924
  • डोईवाला : पुलिस,पीएसी व आईआरबी के जवानों का आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण सम्पन्न

    45780 shares
    Share 18312 Tweet 11445
  • ऑपरेशन कामधेनु को सफल बनाये हेतु जनपद के अन्य विभागों से मांगा गया सहयोग

    38058 shares
    Share 15223 Tweet 9515
  •  ढहते घर, गिरती दीवारें, दिलों में खौफ… जोशीमठ ही नहीं

    37446 shares
    Share 14978 Tweet 9362
  • विकासखंड देवाल क्षेत्र की होनहार छात्रा ज्योति बिष्ट ने किया उत्तराखंड का नाम रोशन

    37332 shares
    Share 14933 Tweet 9333

Stay Connected

संपादक- शंकर सिंह भाटिया

पता- ग्राम एवं पोस्ट आफिस- नागल ज्वालापुर, डोईवाला, जनपद-देहरादून, पिन-248140

फ़ोन- 9837887384

ईमेल- shankar.bhatia25@gmail.com

 

Uttarakhand Samachar

उत्तराखंड समाचार डाॅट काम वेबसाइड 2015 से खासकर हिमालय क्षेत्र के समाचारों, सरोकारों को समर्पित एक समाचार पोर्टल है। इस पोर्टल के माध्यम से हम मध्य हिमालय क्षेत्र के गांवों, गाड़, गधेरों, शहरों, कस्बों और पर्यावरण की खबरों पर फोकस करते हैं। हमारी कोशिश है कि आपको इस वंचित क्षेत्र की छिपी हुई सूचनाएं पहुंचा सकें।
संपादक

Browse by Category

  • Bitcoin News
  • Education
  • अल्मोड़ा
  • अवर्गीकृत
  • उत्तरकाशी
  • उत्तराखंड
  • उधमसिंह नगर
  • ऋषिकेश
  • कालसी
  • केदारनाथ
  • कोटद्वार
  • क्राइम
  • खेल
  • चकराता
  • चमोली
  • चम्पावत
  • जॉब
  • जोशीमठ
  • जौनसार
  • टिहरी
  • डोईवाला
  • दुनिया
  • देहरादून
  • नैनीताल
  • पर्यटन
  • पिथौरागढ़
  • पौड़ी गढ़वाल
  • बद्रीनाथ
  • बागेश्वर
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • रुद्रप्रयाग
  • रुद्रप्रयाग
  • विकासनगर
  • वीडियो
  • संपादकीय
  • संस्कृति
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • साहिया
  • हरिद्वार
  • हेल्थ

Recent News

देहरादून की 30 होनहार बेटियों को मिला नई उड़ान का अवसर

June 7, 2026

वीकेंड पर पर्यटकों की पहली पसंद बना लच्छीवाला नेचर पार्क, एक दिन में पहुंचे 07 हजार से अधिक सैलानी

June 7, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.