डोईवाला, (प्रियांशु सक्सेना)। पर्यावरण मित्रों और आउटसोर्स कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान को लेकर शुक्रवार को उत्तराखंड सफाई कर्मचारी आयोग के उपाध्यक्ष भगवती प्रसाद मकवाना ने नगर पालिका परिषद डोईवाला में समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने कर्मचारियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।
नगर पालिका डोईवाला के सभागार में आयोजित बैठक में कर्मचारियों ने वर्दी, समय पर वेतन न मिलने, वेतन कटौती, सुरक्षा उपकरणों की कमी तथा अन्य सुविधाओं के अभाव की शिकायतें रखीं। समस्याएं सुनने के बाद आयोग के उपाध्यक्ष ने नगर पालिका प्रशासन की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा कि सफाई कर्मचारी शहर की स्वच्छता व्यवस्था की रीढ़ हैं, लेकिन उन्हें उनकी मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रखा जा रहा है। यह स्थिति किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मियों को समय पर वेतन, निर्धारित वर्दी, सुरक्षा उपकरण और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना नगर पालिका की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि यदि बिना उचित कारण वेतन में कटौती की जा रही है या कर्मचारियों के अधिकारों का हनन हो रहा है, तो इसकी जवाबदेही तय की जाएगी। केवल निजी कंपनी के भरोसे पूरी व्यवस्था छोड़ देना समाधान नहीं है। नगर पालिका प्रशासन को अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करते हुए कर्मचारियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करना होगा।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कर्मचारियों की शिकायतों का जल्द निस्तारण नहीं हुआ तो आयोग स्वयं मामले की समीक्षा करेगा और आवश्यक कार्रवाई के लिए शासन को रिपोर्ट भेजी जाएगी। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए कि कर्मचारियों से जुड़े सभी लंबित मामलों का समयबद्ध निस्तारण किया जाए, ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
बैठक के दौरान सभासद संदीप नेगी ने आउटसोर्स कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। वहीं, पर्यावरण मित्रों ने भी आयोग के उपाध्यक्ष के समक्ष अपनी समस्याएं रखते हुए उनके शीघ्र समाधान की मांग की। इस पर आयोग के उपाध्यक्ष ने सभी शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई का भरोसा दिलाते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।











