पिथौरागढ, 20 जून ।
उत्तराखंड के सुदूर सीमांत पिथौरागढ़ जनपद की डीडीहाट तहसील में शैक्षिक दखल का स्थापना दिवस 21 तथा 22 जून को आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम शैक्षिक विमर्श के साथ-साथ विभिन्न पुस्तकों के लेखकों से सीधे संवाद का भी अवसर प्रदान करेगा।कार्यक्रम के दौरान ‘स्त्री और शिक्षा’ विशेषांक का विमोचन किया जाएगा तथा शिक्षा से संबंधित पुस्तकों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी।इस आयोजन में शामिल प्रमुख रचनाकारों में कथाकार दिनेश कर्नाटक, बाल साहित्यकार मनोहर चमोली ‘मनु’, व्यंग्यकार रमेश जोशी, विज्ञान लेखक निर्मल नियोलिया, संगठनकर्ता महेश बवाड़ी, नवाचारी शिक्षक मोहन सिंह नेगी, चित्रकार एवं अंकुर पत्रिका के संपादक मोहन चौहान तथा ‘चाय पर चर्चा’ कॉलम के लेखक सतीश जोशी शामिल हैं।समारोह के तहत कार्यक्रम की रूपरेखा:21 जून को प्रातः 11 बजे: मुख्य खुला सत्र में ‘स्त्री और शिक्षा’ विशेषांक का लोकार्पण तथा ‘हमारे दौर की शिक्षा और स्त्री शिक्षा के सवाल’ विषय पर विचार-गोष्ठी होगी।दोपहर 3 बजे से शैक्षिक दखल की आत्मावलोचना सत्र होगा।
इसी दिन सायंकाल काव्य गोष्ठी एवं जनगीत गायन प्रस्तावित है।
समारोह के दूसरे दिन
22 जून को प्रातः 8 बजे: ‘शैक्षिक दखल के भावी कार्यक्रम और संकल्प’ विषय पर चर्चा एवं सायंकाल आसपास भ्रमण, पहाड़ी ट्रैकिंग एवं अनौपचारिक चर्चा।
शैक्षिक दखल समिति के सचिव राजीव जोशी, संपादक महेश पुनेठा और संपादक मंडल सदस्य विनोद कुमार बसेड़ा ने शिक्षकों, विद्यार्थियों, स्थानीय नागरिकों एवं बुद्धिजीवियों से कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है। उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों से शिक्षक व साहित्यकार इस अवसर पर डीडीहाट पहुंच रहे हैं।आयोजकों का मानना है कि यह चिंतन शिविर शिक्षा संबंधी गंभीर मुद्दों पर चर्चा के साथ-साथ साहित्यिक अनुभवों के आदान-प्रदान का अनुपम मंच साबित होगा।आप भी इस अवसर का लाभ उठाएं — शैक्षिक दखल टीम ने सभी इच्छुक शिक्षक, साहित्य प्रेमी और नागरिकों को स्थापना दिवस समारोह में शामिल होने का आमंत्रण दिया है।










