डॉ० हरीश चन्द्र अन्डोला हिमालय की दुर्गम वादियों में बसे विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ धाम में इन दिनों प्रकृति की कठिन परीक्षा और श्रद्धालुओं की अटूट आस्था एक साथ दिखाई दे रही है. लगातार बिगड़ते मौसम, बर्फबारी और बारिश के बावजूद बाबा केदार के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का उत्साह कम होने का नाम नहीं ले रहा है. प्रतिकूल परिस्थितियों के बीच भी भारी संख्या में श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन को पहुंच रहे हैं, जिससे आंकड़ा तेजी से चार लाख की ओर बढ़ रहा है.पिछले एक सप्ताह से केदारनाथ धाम और पैदल यात्रा मार्ग पर मौसम हर पल करवट बदल रहा है. कभी तेज बारिश तो कभी अचानक बर्फबारी श्रद्धालुओं की यात्रा को चुनौतीपूर्ण बना रही है. ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड लगातार बढ़ रही है, जिससे यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. इसके बावजूद देशभर से पहुंच रहे श्रद्धालुओं की आस्था अडिग बनी हुई हैविश्व प्रसिद्ध केदारनाथ धाम यात्रा में इस समय श्रद्धालुओं का अभूतपूर्व जनसैलाब उमड़ रहा है. बाबा केदार के दर्शन के लिए देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं, लेकिन लगातार बढ़ती भीड़ अब व्यवस्थाओं पर भारी पड़ती नजर आ रही है. यात्रा पड़ाव सोनप्रयाग से सामने आए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं. जिनमें हजारों श्रद्धालुओं को एक साथ केदारनाथ धाम की ओर रवाना करते देखा जा सकता है.वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि भारी संख्या में यात्री बिना चरणबद्ध व्यवस्था के आगे बढ़ रहे हैं. इस भीड़ में छोटे बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं और बीमार यात्री भी शामिल हैं. अचानक अत्यधिक संख्या में यात्रियों को आगे भेजे जाने के कारण गौरीकुंड मार्ग पर दबाव बढ़ गया है. स्थिति यह हो रही है कि गौरीकुंड के लिए संचालित शटल वाहनों तक यात्रियों की पहुंच मुश्किल हो रही है. कई श्रद्धालुओं को घंटों जाम व अव्यवस्था का सामना करना पड़ रहा है.यात्रियों का कहना है कि यदि भीड़ को नियंत्रित ढंग से बैचवार भेजा जाए तो अव्यवस्था और धक्का-मुक्की जैसी स्थिति से बचा जा सकता है. खासकर बुजुर्ग और महिला श्रद्धालुओं को लंबी प्रतीक्षा, भीड़ और जाम के कारण भारी परेशानियां झेलनी पड़ रही है. कई स्थानों पर यात्रियों को सड़क किनारे घंटों इंतजार करना पड़ रहा है.सोनप्रयाग व्यापार संघ अध्यक्ष अंकित गैरोला का भी मानना है कि यात्रा मार्ग पर भीड़ प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता है. उनका कहना है कि प्रशासन को सोनप्रयाग, सीतापुर और गौरीकुंड के बीच यात्रियों की आवाजाही को नियंत्रित तरीके से संचालित करना चाहिए, ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना या अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न न हो.इस संबंध में पुलिस अधीक्षक ने कहा केदारनाथ धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है. अब तक 4 लाख 40 हजार से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं. सोनप्रयाग क्षेत्र में तीर्थ यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है. पुलिस और प्रशासन द्वारा यात्रियों को लाइन में व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं. यात्रा मार्ग पर व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है.चारधाम यात्रा के चरम दौर में अब प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती भीड़ प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करना बन गया है. आने वाले दिनों में यात्रियों की संख्या और बढ़ने की संभावना को देखते हुए प्रशासनिक तैयारियों की अग्निपरीक्षा भी शुरू हो गई केदारनाथ धाम केवल धार्मिक आस्था का केंद्र ही नहीं, बल्कि प्रकृति की अद्भुत सुंदरता का भी प्रतीक है। यहां का हर दृश्य मन को शांति देता है और व्यक्ति को अपने भीतर झांकने का अवसर देता है। इसीलिए केदारनाथ को केवल एक तीर्थ नहीं, बल्कि जीवन को समझने और आत्मा से जुड़ने का एक दिव्य मार्ग माना जाता है। हिमालय की चारधाम यात्रा के लिए श्रद्धालुओं का उत्साह बढ़ता जा रहा है। तीन दिन में ही केदारनाथ धाम पहुंचकर 93252 यात्री बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं।केदारनाथ धाम के लिए श्रद्धालुओं के उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पहले ही दिन रिकार्ड 38 हजार यात्रियों ने दर्शन किए थे।केदारनाथ में दर्शन को लंबी लाइन लग रही है। प्रशासन के लिए भीड़ प्रबंधन बड़ी चुनौती है, लेकिन बेहतर व्यवस्थाओं के चलते यात्रा सुचारु रूप से संचालित हो रही है। छह दिनों में चारधाम यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या 1.82 लाख पार कर चुकी है। उत्तराखंड में स्थित बाबा केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा है। मानसून के दस्तक देने के बावजूद हजारों की संख्या में भक्त यहां पहुंच रहे हैं। 10 मई से शुरू हुई यात्रा में अब तक 10 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा के दर्शन कर चुके हैं। पिछले साल की अपेक्षा इस बार बाबा की यात्रा देर से शुरू हुई, इसके बाद भी भक्तों की संख्या में कोई कमी नहीं आई है। पहले दिन से ही आस्था का सैलाब केदारपुरी में देखने को मिल रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, कपाट खुलने के पहले दिन 20 हजार से ज्यादा श्रद्धालु इसके साक्षी बने थे। उत्तराखंड में स्थित बाबा केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा है। मानसून के दस्तक देने के बावजूद हजारों की संख्या में भक्त यहां पहुंच रहे हैं। 10 मई से शुरू हुई यात्रा में अब तक 10 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा के दर्शन कर चुके हैं। पिछले साल की अपेक्षा इस बार बाबा की यात्रा देर से शुरू हुई, इसके बाद भी भक्तों की संख्या में कोई कमी नहीं आई है। पहले दिन से ही आस्था का सैलाब केदारपुरी में देखने को मिल रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, कपाट खुलने के पहले दिन 20 हजार से ज्यादा श्रद्धालु इसके साक्षी बने थे। यात्रा के संपन्न होने में अभी भी चार महीने का समय बचा हुआ है। ऐसे में बताया जा रहा है कि अंत तक धाम के दर्शन करने वाले भक्तों की संख्या 25 लाख के पार पहुंच सकती है। यात्रियों को किसी भी प्रकार की कोई समस्या न हो, इसका जिला प्रशासन पूरा ध्यान रख रहा है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। उनके ठहरने के लिए व्यवस्था की गई है। पैदल मार्ग और धाम में रेन शेल्टर बनाए गए हैं। ट्रैफिक जाम से निजात पाने के लिए जगह-जगह पर बैरीकेडिंग भी की गई है। सुरक्षा के मद्देनजर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। तमाम दुश्वारियों और विषम मौसम के बावजूद भी भक्तों की आस्था में कोई कमी नहीं दिख रही. दूर-दराज से आए भक्त भगवान के दर्शन के लिए कठिन परिस्थितियों का सामना करते हुए यात्रा पूरी कर रहे हैं।।लेखक विज्ञान व तकनीकी विषयों के जानकार दून विश्वविद्यालय में कार्यरत हैं.











