• About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact
Uttarakhand Samachar
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
Uttarakhand Samachar
No Result
View All Result

श्री तुंगनाथ मंदिर की जीर्ण-शीर्ण छतरी का जीर्णोद्धार कार्य विधि- विधान पूजा- अर्चना के बाद शुरू किया गया

18/09/23
in चमोली
Reading Time: 1min read
94
SHARES
118
VIEWS
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter

रिपोर्ट:प्रकाश कपरूवाण

उखीमठ। श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति ( बीकेटीसी) द्वारा विश्व के सबसे ऊंचाई “13हजार फीट”पर स्थित आस्था के केन्द्र तृतीय केदार श्री तुंगनाथ मंदिर की जीर्ण-शीर्ण छतरी का जीर्णोद्धार कार्य विधि- विधान पूजा- अर्चना के पश्चात आज शुरू हो गया है।छतरी का जीर्णोद्धार दानीदाता के सहयोग से देवदार की लकड़ी से पूर्व की भाँति नव निर्माण किया जा रहा है, जीर्णोद्धार कार्य उचित ढ़ग से हो सके इसके लिए मंदिर के कलश को भी उतारा गया।उल्लेखनीय है कि तेरह हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित पंच केदार में शुमार श्री तुंगनाथ मंदिर में भगवान शिव के बाहु तथा ह्रदय भाग की पूजा होती है और यहां बड़ी संख्या में तीर्थयात्री पहुंचते है श्री तुंगनाथ घाटी स्थित चोपता तथा दुग्गलबिट्टा को उत्तराखंड का स्विट्जरलैंड भी कहा जाता है इन्हीं पड़ावों से होकर तीर्थयात्री भगवान तुंगनाथ जी के दर्शन को पहुंचते हैं।
श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने बताया कि श्री तुंगनाथ मंदिर के जीर्णोद्धार कार्य पर भी विचार हो रहा है इस संबंध में उनके द्वारा भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ( एएसआई) तथा भारतीय भूगर्भ सर्वेक्षण विभाग ( जीएसआई) को पत्र लिखा गया है ताकि विशेषज्ञों की राय के अनुसार मंदिर जीर्णोद्धार के कार्य को आगे बढ़ाया जा सके।गौरतलब है कि स्थानीय जनता कई वर्षो से श्री तुंगनाथ मंदिर के शिखर पर स्थित छतरी के जीर्णोद्धार की मांग कर रही थी लेकिन इस संबंध में कार्य नहीं हो पाया था।श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष का पदभार संभालते ही अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने इस बावत पहल की तथा दानीदाताओं से संपर्क किया परिणामस्वरूप मंदिर के शीर्ष छतरी का जीर्णोद्धार कार्य शुरू हो गया।छतरी निर्माण की नक्काशीकर रहे कारीगरों द्वारा पूर्व छतरी की तरह देवदार की लकड़ी से नयी छतरी का निर्माण किया जा रहा है इस तरह अब छतरी निर्माण का कार्य अंतिम चरण में है। नयी छतरी को अतिशीघ्र मंदिर के शीर्ष पर विराजमान किया जाना है इसके लिए मंदिर के शीर्ष पर कलश को भी मुहुर्त निकाल कर रविवार को उतारा गया।इसी तरह श्री विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी की मंदिर की छतरी का नव निर्माण प्रस्तावित है।रविवार को मुहुर्तानुसार प्रात: पूजा- अर्चना तथा वैदिक मंत्रोंचार के बाद तृतीय केदार तुंगनाथ जी के कलश को उतारने की प्रक्रिया शुरू हुई इससे पूर्व बाबा तुंगनाथ जी एवं भूतनाथ ( भैरवनाथ) जी की पूजा-अर्चना हुई, इस दौरान भूतनाथ जी के पश्वा एवं मां भगवती कालिंका के पश्वा अवतरित हुए उन्होंने कलश उताने की आज्ञा प्रदान की। इसके बाद मंदिर समिति, मंगोली गांव के दस्तूर धारियों, तथा मक्कूमठ के मैठाणी पुजारियों की उपस्थिति में दस्तूर धारी मंदिर के शिखर पर पहुंचे तथा कलश को मंदिर परिसर में लाये जहां पूजा-अर्चना दर्शन के पश्चात कलश को तुंगनाथ स्थित मंदिर गर्भगृह में रखा गया जहां प्रतिदिन कलश की पूजा की जायेगी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि भूतनाथ जी के पश्वा”अवतारी पुरूष” ने श्री तुंगनाथ जी के कपाट बंद होने के बाद यात्रियों का मंदिर क्षेत्र में प्रवेश कराने पर नाराजी दिखायी।बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ ने बताया आज कलश को उतारने के साथ ही छतरी के जीर्णोद्धार का शुभारंभ हो गया।इस अवसर पर छतरी का जीर्णोद्धार करनेवाले दानी दाता संजीव सिंघल के प्रतिनिधि सहित मंदिर समिति के सहायक अभियंता विपिन तिवारी, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी राजकुमार नौटियाल, मंदिर प्रशासनिक अधिकारी यदुवीर पुष्पवाण, अवर अभियंता विपिन कुमार,भूतनाथ के पश्वा राजेंद्र भंडारी, प्रबंधक बलबीर नेगी तथा दस्तूरधारी अविरत्न धर्म्वाण,रोहन धर्म्वाण, अनंत धर्म्वाण, हरीश धर्म्वाण मठापति रामप्रसाद मैठाणी, रवीन्द्र मैठाणी,भरत मैठाणी, गीताराम मैठाणी,प्रकाश मैठाणी, मुकेश मैठाणी,सतीश मैठाणी,दलीप नेगी, चंद्रमोहन बजवाल आदि मौजूद रहे।

Share38SendTweet24
Previous Post

बड़े उल्लास से बनाया गया विश्वकर्मा जन्मदिवस

Next Post

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 73 वें जन्म दिवस पर भाजपा युवा मोर्चा थराली के कार्यकर्ताओ ने रक्तदान शिविर में भाग लेते हुए 20 यूनिट रक्तदान किया

Related Posts

उत्तराखंड

ग्वालदम में जंगली जानवर का मांस बताक़र कुत्ते का मांस बेचने की एक अफवाह पूरे क्षेत्र में फैली

August 8, 2026
784
उत्तराखंड

ग्वालदम-सिमली राष्ट्रीय राजमार्ग शुक्रवार को करीब 38 घंटों के बाद यातायात के लिए खुला

August 8, 2026
5
उत्तराखंड

श्री नंदादेवी जात यात्रा को लेकर आयोजित 6 घंटे तक चली बैठक बिना निष्कर्ष के ही सम्पन्न हो गई

August 8, 2026
8
उत्तराखंड

एम्बुलेंस में गर्भवती महिला की मृत्यु के बाद आज तक भी जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई नही होने पर मृतका के पति ने बच्चों व परिजनों ने साथ मिलकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली में करीब तीन घंटों तक धरना दिया

August 8, 2026
5
उत्तराखंड

पिंडर घाटी की लाइफ लाइन मानी जाने वाली ग्वालदम-सिमली राष्ट्रीय राजमार्ग नारायणबगड़ से आगे आमसोड में एक बड़ी चट्टान टूटने के कारण कई दिन से बंद

August 8, 2026
7
उत्तराखंड

सवाड़ गांव में स्वीकृति केंद्रीय विद्यालय के लिए ग्रामीणों के द्वारा दान दी गई भूमि को केवी संगठन के नाम दर्ज करने के जिलाधिकारी चमोली ने दिए आदेश

August 6, 2026
5

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Popular Stories

  • चार जिलों के जिलाधिकारी बदले गए

    67718 shares
    Share 27087 Tweet 16930
  • डोईवाला : पुलिस,पीएसी व आईआरबी के जवानों का आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण सम्पन्न

    45787 shares
    Share 18315 Tweet 11447
  • ऑपरेशन कामधेनु को सफल बनाये हेतु जनपद के अन्य विभागों से मांगा गया सहयोग

    38074 shares
    Share 15230 Tweet 9519
  •  ढहते घर, गिरती दीवारें, दिलों में खौफ… जोशीमठ ही नहीं

    37455 shares
    Share 14982 Tweet 9364
  • विकासखंड देवाल क्षेत्र की होनहार छात्रा ज्योति बिष्ट ने किया उत्तराखंड का नाम रोशन

    37374 shares
    Share 14950 Tweet 9344

Stay Connected

संपादक- शंकर सिंह भाटिया

पता- ग्राम एवं पोस्ट आफिस- नागल ज्वालापुर, डोईवाला, जनपद-देहरादून, पिन-248140

फ़ोन- 9837887384

ईमेल- shankar.bhatia25@gmail.com

 

Uttarakhand Samachar

उत्तराखंड समाचार डाॅट काम वेबसाइड 2015 से खासकर हिमालय क्षेत्र के समाचारों, सरोकारों को समर्पित एक समाचार पोर्टल है। इस पोर्टल के माध्यम से हम मध्य हिमालय क्षेत्र के गांवों, गाड़, गधेरों, शहरों, कस्बों और पर्यावरण की खबरों पर फोकस करते हैं। हमारी कोशिश है कि आपको इस वंचित क्षेत्र की छिपी हुई सूचनाएं पहुंचा सकें।
संपादक

Browse by Category

  • Bitcoin News
  • Education
  • अल्मोड़ा
  • अवर्गीकृत
  • उत्तरकाशी
  • उत्तराखंड
  • उधमसिंह नगर
  • ऋषिकेश
  • कालसी
  • केदारनाथ
  • कोटद्वार
  • क्राइम
  • खेल
  • चकराता
  • चमोली
  • चम्पावत
  • जॉब
  • जोशीमठ
  • जौनसार
  • टिहरी
  • डोईवाला
  • दुनिया
  • देहरादून
  • नैनीताल
  • पर्यटन
  • पिथौरागढ़
  • पौड़ी गढ़वाल
  • बद्रीनाथ
  • बागेश्वर
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • रुद्रप्रयाग
  • रुद्रप्रयाग
  • विकासनगर
  • वीडियो
  • संपादकीय
  • संस्कृति
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • साहिया
  • हरिद्वार
  • हेल्थ

Recent News

मुख्यमंत्री ने हर घर तिरंगा यात्रा कार्यक्रम में किया प्रतिभाग

August 9, 2026

डिब्बे में फंस गया विशाल मॉनिटर लिजर्ड का सिर, शिक्षिका और युवक ने बचाई जान

August 9, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.