डोईवाला, (प्रियांशु सक्सेना)। डोईवाला विधानसभा के दूरस्थ पहाड़ी क्षेत्र ग्राम बड़ेरना स्थित बूथ संख्या 106 का मंगलवार को अधिकारियों ने विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य बूथ से संबंधित अभिलेखों का सत्यापन, पूर्व में जारी नोटिसों की समीक्षा और लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करना था।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने बूथ पर उपलब्ध आवश्यक अभिलेखों और दस्तावेजों का परीक्षण किया। प्रत्येक मामले की तथ्यों के आधार पर समीक्षा करते हुए आवश्यक प्रक्रिया पूरी की गई और 57 नोटिसों का निस्तारण किया गया। अधिकारियों ने संबंधित कर्मचारियों को निर्देश दिए कि भविष्य में किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ निस्तारण किया जाए।
अधिकारियों ने अभिलेखों को नियमित रूप से अद्यतन करने, समय-समय पर सत्यापन करने और शासन के दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं और प्रशासनिक कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने कहा कि पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचना चाहिए और कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे।
दूरस्थ एवं पर्वतीय क्षेत्रों में प्रशासनिक सेवाओं को प्रभावी और सुगम बनाने के लिए नियमित निरीक्षण एवं समीक्षा की जा रही है, ताकि ग्रामीणों की समस्याओं का समय पर समाधान हो सके। निरीक्षण के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र से जुड़े विभिन्न मुद्दे अधिकारियों के समक्ष रखे, जिन पर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याएं भी सुनी गईं।
स्थानीय निवासी आदर्श राठौर ने बताया कि क्षेत्र में जारी नोटिसों को लेकर कुछ लोगों में असंतोष और नाराजगी थी। ग्रामीणों का कहना था कि कई लोगों को नोटिस जारी किए जाने के कारण और प्रक्रिया की पर्याप्त जानकारी नहीं मिल पाई, जिससे भ्रम की स्थिति बनी। हालांकि, अधिकारियों के गांव पहुंचकर सभी 57 नोटिसों की समीक्षा कर उनका निस्तारण करने से ग्रामीणों को राहत मिली और उनकी कई शंकाओं का मौके पर ही समाधान हुआ।
आदर्श राठौर ने कहा कि भविष्य में नोटिस जारी करते समय ग्रामीणों को उसके उद्देश्य और प्रक्रिया की स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराई जाए, तो भ्रम और नाराजगी की स्थिति से बचा जा सकता है। इस अवसर पर ग्राम प्रधान शीला कठैत, लेखपाल अंकित, सामाजिक कार्यकर्ता अनिल कठैत, उपप्रधान सौरभ खत्री आदि मौजूद रहे।











