डोईवाला, (प्रियांशु सक्सेना)। दुधली-बड़कली क्षेत्र में रिवर ड्रेजिंग के नाम पर चल रहे खनन कार्यों को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। आरोप है कि निर्धारित मात्रा से अधिक खनन सामग्री निकाली और परिवहन की जा रही है, जिससे सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है।
लोगों का कहना है कि कम मात्रा दर्शाकर अधिक खनन सामग्री बाहर भेजी जा रही है, जिसकी निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए। स्थानीय नागरिकों के अनुसार खनन सामग्री से लदे भारी वाहन दिनभर डोईवाला की व्यस्त सड़कों पर दौड़ रहे हैं।
इसके कारण चांदमारी मार्ग, प्रेमनगर बाजार सहित अन्य प्रमुख मार्गों पर बार-बार जाम की स्थिति बन रही है। सड़क पर पैदल चलने वाले लोगों, स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और दोपहिया वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों का आरोप है कि भारी वाहनों के लगातार आवागमन से कई स्थानों पर सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं तथा पेयजल लाइनें भी टूट रही हैं। इससे जलापूर्ति व्यवस्था प्रभावित होने का खतरा बना हुआ है। इसके बावजूद संबंधित विभागों द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं किए जाने से लोगों में आक्रोश है।
जिम्मेदार विभागों की अनदेखी का सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है। वहीं, खनन कार्य से जुड़े दूसरे राज्यों के कुछ लोगों द्वारा स्थानीय निवासियों को विरोध करने पर धमकाने के आरोप भी सामने आए हैं, जिससे लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।
स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, खनन सामग्री के परिवहन की निगरानी बढ़ाने, ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई करने तथा डोईवाला की व्यस्त सड़कों पर भारी वाहनों के संचालन को नियंत्रित करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते स्थिति पर नियंत्रण नहीं किया गया तो क्षेत्र में जनआंदोलन खड़ा हो सकता है।











