• About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact
Uttarakhand Samachar
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल
No Result
View All Result
Uttarakhand Samachar
No Result
View All Result

सलूड़-डुंग्रा गाँव में विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण के मुख्य समारोह का आयोजन इस वर्ष 26अप्रैल को होगा

14/04/26
in उत्तराखंड, चमोली
Reading Time: 1min read
12
SHARES
15
VIEWS
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter

ज्योतिर्मठ।
सीमांत पैनखंडा ज्योतिर्मठ के सलूड़-डुंग्रा गाँव मे आयोजित होने वाले विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण के मुख्य समारोह का आयोजन इस वर्ष 26अप्रैल को होगा।
पौराणिक परम्परा के अनुसार मंगलवार को बैशाखी पर्व के शुभ अवसर पर भूमि क्षेत्रपाल देवता मंदिर परिसर में सलूड़ -डुंग्रा महापंचायत, रम्माण आयोजन समिति के पदाधिकारियों, पश्वा पुजारियों तथा ग्रामिणों की उपस्थिति में पंचायत पुरोहित द्वारा पंचांग गणना के बाद शुभ मुहूर्त की घोषणा की गयी।

इससे पूर्व भूमि क्षेत्रपाल देवता अपने निशान और कण्डियों के साथ वर्षभर की पूजा पाने के उपरान्त गाजे-बाजे के साथ दिलवर सिंह कुंवर, ग्राम डुंग्रा के निवास से ११ बजे दोपहर में अपने मूल मंदिर चोपता में पहुंचे। देवता की विदाई का दृश्य अति भावुक होता है। परिवार जन वर्षभर की पूजा के उपरान्त अश्रुपूरित नेत्रों से अपने ईष्ट देवता को विदा करते हैं।
मन्दिर में पहुंच कर भूमि क्षेत्रपाल देवता का पारंपरिक श्रृंगार किया गया। श्रृंगार के बाद गांव के युवाओं द्वारा देवता के मुख्य निशान को एक-एक कर भूमि क्षेत्रपाल देवता के मन्दिर चौक में विशेष ताल पर नृत्य करवाया गया।

ग्रामीणों द्वारा मन्दिर परिसर की साफ-सफाई की गयी।अन्त में पंचायत द्वारा धारियों एवं कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु कार्यकर्ताओं की नियुक्ति की गयी तथा पंचायत पुरोहित द्वारा मुख्य समारोह *रम्माण* की तिथि घोषित की गयी। आगामी 12 दिनों में परम्परागत पद्धति के अनुसार क्षेत्र में प्रतिष्ठित पांच अन्य मन्दिरों में प्रातः काल धार्मिक अनुष्ठान, भूमि क्षेत्रपाल देवता का मिलन क्षेत्र भ्रमण एवं नृत्य कार्यक्रम सम्पन्न होंगे। विधि- विधान पूर्वक रात्रिकालीन मुखौटा नृत्य कार्यक्रमों का आयोजन होगा।
तैयारियों को लेकर हुई बैठक में अस्सी गाण्यां भरतसिंह पंवार, गाण्या रणबीर सिंह चौहान, कैंसा लक्ष्मी प्रसाद, रघुबीर सिंह, पंकज बैंजवाल, प्रदीप, विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण सलूड़ -डुंग्रा के संयोजक डॉ० कुशल भण्डारी, अध्यक्ष शरतसिंह बंगारी, सचिव विकेश कुंवर, कोषाध्यक्ष रघुबीर सिंह, ग्राम प्रधान सलूड़, एवं डुंग्रा, महिला मंगल दल व युवक मंगल दल सलूड़ -डुंग्रा, समस्त पश्वा एवं क्षेत्रीय जनता उपस्थित रही।
पैनखंडा जोशीमठ रम्माण को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने मे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले रम्माण के संयोजक डॉ कुशल भण्डारी के अनुसार “रम्माण” एक पौराणिक धार्मिक अनुष्ठान है, मान्यता है कि हजारों वर्ष पूर्व से ही यह कार्यक्रम क्षेत्रवासियों द्वारा अपने क्षेत्रीय ईष्ट देवता को पूजने व मनाने के साथ -साथ उनके मनोरंजन का भी एकमात्र साधन था। भूमि क्षेत्रपाल देवता के प्रति यह अगाध आस्था पीढ़ी दर पीढ़ी कालान्तर में भी जीवित है। 8 वीं सदी में आध्य गुरु शंकराचार्य जी के देवभूमि ज्योतिर्मठ व बद्रीपुरी प्रवास के समय इस अनुष्ठान को अवश्य विस्तार प्रदान किया गया, हमारे पूर्वजों द्वारा समय – समय पर क्षेत्र में घटित ऐतिहासिक घटनाओं व प्रसंगों को जोड़कर कार्यक्रम को मेले का वर्तमान वृहद स्वरूप प्रदान किया गया। रम्माण विषय पर शोध करने वाले विद्वानों का भी यही मत है कि रम्माण परम्परा की शुरुआत हजारों वर्ष पूर्व हो चुकी थी।
वर्ष 2025 से दिल्ली विश्वविद्यालय द्वारा रम्माण पर शोध कार्य किया जा रहा है , शोध परियोजना से जुड़े शोधकर्ता व शोध सहायक दिल्ली से सलूड़ -डुंग्रा गांव में पहुंच चुके हैं। पर्यटन विभाग उत्तराखंड की इस वर्ष रम्माण में विशेष भूमिका होगी। विभाग द्वारा अन्य सहयोग के साथ रम्माण का अभिलेखीकरण भी किया जा रहा है।
संयोजक डॉ कुशल भण्डारी ने बताया कि आयोजन समिति द्वारा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी,पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज, विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूरी भूषण, राज्यसभा सांसद महेन्द्र भट्ट, व क्षेत्रीय विधायक लखपत सिंह बुटोला सहित अनेक जनप्रतिनिधियों को मेले में आमंत्रित किया गया है।

Share5SendTweet3
Previous Post

देवभूमि में प्रधानमंत्री का भव्य स्वागत, 12 किमी लंबे रोड शो में बड़ी संख्या में उमड़े लोग

Next Post

अम्बेडकर जयंती: जयकारों के शोर में कहीं खो तो नहीं गए बाबा साहब के विचार?

Related Posts

उत्तराखंड

बशीर बद्र : उर्दू अदब का चमकता सितारा बुझ गया

May 29, 2026
7
उत्तराखंड

डोईवाला: रक्तवीरों ने रक्तदान कर बचाई 03 मरीजों की जान

May 29, 2026
24
उत्तराखंड

मुख्यमंत्री ने हिंदी पत्रकारिता दिवस की दी शुभकामनाएं

May 29, 2026
9
उत्तराखंड

राम तेरी गंगा हो गयी बहुत ही मैली

May 29, 2026
24
उत्तराखंड

डोईवाला: बीएलए-2 के लिए प्रशिक्षण एवं संवाद कार्यक्रम आयोजित

May 29, 2026
26
उत्तराखंड

डोईवाला: रेशम माजरी चौक पर ट्रैफिक सिग्नल लगाने की मांग

May 29, 2026
7

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Popular Stories

  • चार जिलों के जिलाधिकारी बदले गए

    67688 shares
    Share 27075 Tweet 16922
  • डोईवाला : पुलिस,पीएसी व आईआरबी के जवानों का आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण सम्पन्न

    45779 shares
    Share 18312 Tweet 11445
  • ऑपरेशन कामधेनु को सफल बनाये हेतु जनपद के अन्य विभागों से मांगा गया सहयोग

    38057 shares
    Share 15223 Tweet 9514
  •  ढहते घर, गिरती दीवारें, दिलों में खौफ… जोशीमठ ही नहीं

    37446 shares
    Share 14978 Tweet 9362
  • विकासखंड देवाल क्षेत्र की होनहार छात्रा ज्योति बिष्ट ने किया उत्तराखंड का नाम रोशन

    37331 shares
    Share 14932 Tweet 9333

Stay Connected

संपादक- शंकर सिंह भाटिया

पता- ग्राम एवं पोस्ट आफिस- नागल ज्वालापुर, डोईवाला, जनपद-देहरादून, पिन-248140

फ़ोन- 9837887384

ईमेल- shankar.bhatia25@gmail.com

 

Uttarakhand Samachar

उत्तराखंड समाचार डाॅट काम वेबसाइड 2015 से खासकर हिमालय क्षेत्र के समाचारों, सरोकारों को समर्पित एक समाचार पोर्टल है। इस पोर्टल के माध्यम से हम मध्य हिमालय क्षेत्र के गांवों, गाड़, गधेरों, शहरों, कस्बों और पर्यावरण की खबरों पर फोकस करते हैं। हमारी कोशिश है कि आपको इस वंचित क्षेत्र की छिपी हुई सूचनाएं पहुंचा सकें।
संपादक

Browse by Category

  • Bitcoin News
  • Education
  • अल्मोड़ा
  • अवर्गीकृत
  • उत्तरकाशी
  • उत्तराखंड
  • उधमसिंह नगर
  • ऋषिकेश
  • कालसी
  • केदारनाथ
  • कोटद्वार
  • क्राइम
  • खेल
  • चकराता
  • चमोली
  • चम्पावत
  • जॉब
  • जोशीमठ
  • जौनसार
  • टिहरी
  • डोईवाला
  • दुनिया
  • देहरादून
  • नैनीताल
  • पर्यटन
  • पिथौरागढ़
  • पौड़ी गढ़वाल
  • बद्रीनाथ
  • बागेश्वर
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • राजनीति
  • रुद्रप्रयाग
  • रुद्रप्रयाग
  • विकासनगर
  • वीडियो
  • संपादकीय
  • संस्कृति
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • साहिया
  • हरिद्वार
  • हेल्थ

Recent News

बशीर बद्र : उर्दू अदब का चमकता सितारा बुझ गया

May 29, 2026

डोईवाला: रक्तवीरों ने रक्तदान कर बचाई 03 मरीजों की जान

May 29, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Cookie Policy
  • Terms & Conditions
  • Refund Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Contact

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • उत्तराखंड
    • अल्मोड़ा
    • उत्तरकाशी
    • उधमसिंह नगर
    • देहरादून
    • चमोली
    • चम्पावत
    • टिहरी
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • पौड़ी गढ़वाल
    • बागेश्वर
    • रुद्रप्रयाग
    • हरिद्वार
  • संस्कृति
  • पर्यटन
    • यात्रा
  • दुनिया
  • वीडियो
    • मनोरंजन
  • साक्षात्कार
  • साहित्य
  • हेल्थ
  • क्राइम
  • जॉब
  • खेल

© 2015-21 Uttarakhand Samachar - All Rights Reserved.